ras ka sambandh vichar se

ras ka sambandh vichar se
विवेचनात्मक निबन्धों की विचारोत्तेजक किन्तु गंभीर चिन्तन से युक्त रस-चिंतक रमेशराज की कृति “रस का सम्बंध विचार से ”, रस को विचार की कसौटी पर जांचने-परखने के लिए नये सूत्र प्रदान करने वाली एक सफल प्रयास मानने में मुझे कोई हिचक इसलिए नहीं है क्योकि इस पुस्तक में यह तथ्य पूरे प्रमाणों के साथ प्रस्तुत किया गया है कि हर प्रकार के भाव का निर्माण किसी न किसी विचार से होता है | लेखक की...More