ek safar antarman ki or

ek safar antarman ki or
जहां तक मेरा मानना है की हर एक के अंदर एक कवि, एक लेखक, एक कहानीकार छिपा होता है यह अलग बात है कि हम उसे कितना अपनी कला में लाते हैं। बचपन से  लगाव था कहानी सुनने में और कविताओं की चंद लाइनें लिखने में ।लेकिन इस रूचि को कभी मैंने अपनी जिंदगी का हिस्सा नहीं बनाया शायद ना कभी किसी से सहयोग मिला और ना ही मंच ।शायद मैं 5 या 6साल की थी जब मेरे पापा की मौत हो गई और इसके बाद घरेलू परिस्थितियां कुछ...More

You may also like...

SHANI MAHATMYA – NAV GRAHNI KATHA SATHE

Novel Religion & Spirituality Self-help Gujarati

Vastav

Article & Essay Marathi

SARNAMA VAGARNA PREMPATRO

Article & Essay Romance Gujarati

Vichar Sampada

Article & Essay Marathi

Kavyanand

Poetry Religion & Spirituality Gujarati

Shabdakunja

Article & Essay Marathi